उजबक राजा तीन डकैत ने खूब हंसाया

उजबक राजा तीन डकैत ने खूब हंसाया

उजबक राजा तीन डकैत ने खूब हंसाया

- मध्यप्रदेश नाट्य समारोह..

- "उजबक " राजा तीन डकैत ने खूब हंसाया..

- शानदार वेशभूषा, रूप सज्जा और गीत-संगीत के साथ नाटक ने दर्शकों पर अच्छा प्रभाव छोड़ा..

 

छिंदवाड़ा । CTN भारत  रिपोर्टर एक राजा को हर घंटे नए कपड़े पहनने का शौक था। एक बार राजा के राज्य में तीन ठग आए और राजा की कमजोरी का फायदा उठा कर उसके लिए एक जादुई सूट सिलकर देने की बात करते हैं। जादू का सूट पहनने के चक्कर में राजा अपना खजाना लुटवा देता है। तीनों ठग राजा और राज्य को लूट कर रफूचक्कर हो जाते हैं ।laugh

 

उस्ताद अलाउद्दीन खॉं संगीत एवं कला अकादमी, मध्यप्रदेश संस्कृति परिषद, भोपाल द्वारा नाट्यगंगा के संयोजन में आयोजित तीन दिवसीय मध्यप्रदेश नाट्य समारोह के दूसरे दिन कल नाट्यलोक सांस्कृतिक एवं सामाजिक संस्था जबलपुर के द्वारा हास्य व्यंग्य नाटक उजबक राजा तीन डकैत का शानदार मंचन किया गया। नाटक का निर्देशन दविन्दर सिंह ग्रोवर और लेखन प्रसिद्ध रंगगुरू अलखनंदन द्वारा किया गया है। सटीक निर्देशन, शानदार अभिनय, उच्चकोटि का संगीत, उत्तम प्रकाश व्यवस्था ने दर्शकों को शुरू से लेकर अंत तक पलक भी नहीं झपकने दिया। नाटक एक ऐसे राजा की कहानी है जिसे हर घंटे नए नए कपड़े पहनने का जुनून है। एक दिन उसके राज में तीन ठग आते हैं और उसे ऐसे जादुई सूट को सिलकर देने का प्रस्ताव करते हैं जो सिर्फ खानदानी रईसों और विद्वानों को दिखता है। राजा उनके झांसे में आ जाता है। जादू का सूट पहनने के चक्कर में वह पूरा खजाना लुटा देता है और तीनों ठग, राजा और राज्य को नंगा कर रफूचक्कर हो जाते हैं। नाटक वर्तमान समय में देश में धंधा कर रही मल्टीनेशनल कंपनियों पर तीखा व्यंग्य करता है। इस नाटक में रितिक साहू, विशाल साहू, प्रेमराज विश्वकर्मा, पूजा कनौजिया, काजल श्रीवास्तव, रविंद्र मुरहार, आत्मानंद श्रीवास्तव, संजय पटेरिया, अनिल पाली, पूजा कोंजिया, विषाल नेमा, संजय गर्ग, पराग तेलंग, दविंदर सिंह ग्रोवर ने मुख्य भूमिकाएं निभाइं। इसके साथ ही संगीत बाबू मेहर हाजरा, डॉ शिप्रा सुल्लेरे, हारमोनियम उन्न्ति तिवारी, तबला मनीषा तिवारी, गायन साक्षी गुप्ता, रंजना निशाद, तनीशा लोनारे, आयुष, पूजा कनौजिया, लाईट प्रवीण नामदेव ने संभाली। कार्यक्रम में मंच संचालन नाट्यगंगा की नीता वर्मा ने किया तथा मंचन की सभी व्यवस्थाएं नाट्यगंगा के कलाकारों ने निभाई। 

आज भगवदज्जुकम का मंचन
आज नाट्य समारोह के तीसरे और अंतिम दिन बोधायन द्वारा लिखित नाटक भगवदज्जुकम का मंचन द्वारिका दाहिया के निर्देशन में लोकरंग समिति, सतना के कलाकार करेंगे। कार्यक्रम में प्रवेश पूर्णतः निशुल्क है।